बिलासपुर 04 मई 2026।सक्ती,छत्तीसगढ़ के ग्रामीण अंचलों में स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच मजबूत करने की दिशा में वेदांता लिमिटेड की ‘आरोग्य परियोजना’ प्रभावी पहल के रूप में उभर रही है। सिंघीतराई स्थित छत्तीसगढ़ थर्मल पावर प्लांट (VLCTPP) द्वारा संचालित चलित स्वास्थ्य इकाई के माध्यम से गांव-गांव तक प्राथमिक चिकित्सा सुविधाएं पहुंचाई जा रही हैं।
वित्तीय वर्ष 2026-27 में अब तक इस परियोजना के तहत लगभग 1500 जरूरतमंद ग्रामीणों को निःशुल्क स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान की गई हैं। ग्राम पंचायत सिंघीतराई, ओडेकेरा और निमोही में आयोजित शिविरों के जरिए लोगों को न केवल इलाज, बल्कि स्वास्थ्य के प्रति जागरूक भी किया जा रहा है। इन शिविरों में मुफ्त दवाइयों के साथ विशेषज्ञ डॉक्टरों द्वारा परामर्श दिया जा रहा है।
परियोजना का संचालन PHD Rural Development Foundation के सहयोग से किया जा रहा है। चलित स्वास्थ्य इकाई का मुख्य उद्देश्य दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को समय पर इलाज उपलब्ध कराना और उन्हें झोलाछाप चिकित्सकों के भरोसे रहने से बचाना है। अब तक इस पहल से करीब 7000 लोगों को प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष लाभ मिला है, जो इसकी सफलता को दर्शाता है।
इस मोबाइल यूनिट में एमबीबीएस डॉक्टर और प्रशिक्षित पैरामेडिकल स्टाफ मौजूद रहते हैं, जो मधुमेह, उच्च रक्तचाप, एनीमिया जैसी बीमारियों की जांच और उपचार करते हैं। साथ ही ग्रामीणों को पोषण, स्वच्छता और स्वास्थ्य संरक्षण के महत्व के बारे में भी जानकारी दी जाती है। इससे लोगों को शहरों की ओर जाने की जरूरत कम हुई है और समय व खर्च दोनों की बचत हो रही है।
वेदांता पावर बिजनेस के सीईओ राजिंदर सिंह आहूजा ने कहा कि “स्वस्थ भारत के निर्माण के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं जरूरी हैं और आरोग्य परियोजना इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।” वहीं मुख्य प्रचालन अधिकारी देवेंद्र कुमार पटेल ने बताया कि इस पहल से महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों को विशेष लाभ मिल रहा है।
स्थानीय जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने भी इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि अब गांव में ही इलाज मिलने से जीवन आसान हुआ है। कुल मिलाकर, ‘आरोग्य परियोजना’ ग्रामीण स्वास्थ्य सुधार की दिशा में एक सफल और भरोसेमंद मॉडल बनकर सामने आई है।
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